राज्य ब्यूरो, देहरादून। उत्तराखंड के शहरों को आने वाले दो दशकों की जरूरतों के अनुरूप विकसित करने की तैयारी तेज हो गई है। प्रदेश में 98 छोटे-बड़े शहरों की महायोजनाएं तैयार की जा रही हैं। इनमें सात शहर अमृत-एक, जबकि 23 शहर अमृत-दो के अंतर्गत शामिल किए गए हैं। इसके अलावा ईज आफ डूइंग बिजनेस के तहत सात क्लस्टरों में 65 नगर निकायों और मुख्यमंत्री की घोषणाओं के अंतर्गत तीन महायोजनाएं तैयार हो रही हैं। सभी महायोजनाओं में वर्ष 2041 और 2045 के लक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए दीर्घकालीन विकास की रूपरेखा तय की जा रही है।